कुछ अनकही बाते तान्या की डायरी October 04, 2018 माना तुम्हारे बिना सांसे ले रही हूं मैं, मगर तुम होते तो बात ही कुछ और थी।। पता नही क्यों फिर से तुम याद आने लगे,हाँ मुझे याद है सब, कुछ... Continue Reading